Latest News

Monday, 13 February 2017

पति की दरिन्दगी की शिकार महिला ने लगायी पुलिस अधीक्षक से न्याय की गुहार

फतेहपुर, शमशाद खान ।  असोथर थाना क्षेत्र के जानिकपुर मजरे कौण्डर गांव निवासी एक मुस्लिम महिला ने आज पुलिस अधीक्षक उमेश कुमार सिंह के समक्ष पेश होकर पति समेत ससुराली जनो के ऊपर दहेज की मांग पूरी न कर पाने के कारण ससुराल से निकाल दिये जाने तथा शारीरिक एवं मानसिक उत्पी़ड़न  किये जाने का आरोप लगाते हुये मुकदमा पंजीकृत किये जाने की मांग की है। 
जनपद के असोथर थाना क्षेत्र के जानिकपुर मजरे कौण्डर गांव निवासी शमीम की इक्कीस वर्षीस पुत्री शहजीला बानो ने आज पुलिस अधीक्षक को शिकायती प्रार्थना पत्र देते हुए बताया कि उसके पिता ने खागा थाना क्षेत्र के पचीसा मजरे खैरई गांव निवासी शब्बीर के पुत्र जहूर से मुस्लिम रीति रिवाज के मुताबिक चार मई सन दो हजार पन्द्रह को शादी की थी तथा अपनी हैशियत के मुताबिक उसके पिता ने दान दहेज में काफी कुछ दिया था किन्तु उसके बाद भी ससुराली जन दहेज की मांग पूरी न कर पाने का आरोप लगा कर शादी के बाद से ही उत्पीड़न करना शुरू कर दिया था। पीड़ित महिला ने बताया कि उसकी शादी में उसके पिता ने दो लाख रूपये का दहेज व डेढ लाख रूपये के जेवर तथा एक लाख रूपये की नकदी समेत टीवीएस की मोटर साइकिल दी थी। भुक्त भोगी महिला ने बताया कि जब वह विदा होकर अपने ससुराल पहुंची तो सुहागरात की समय उसका पति जहूर शराब के नशे में धुत होकर पहुंचा और अमान्वीय तरीके से पेश आया। उसने बताया कि शादी के बाद वह दूसरी बार अपनी ससुराल गयी तो उसके पति और सास रकीबुन निशा तथा ससुर ने उसको अपने विश्वास में लेते हुए मायके पक्ष द्वारा बनवाये गये पूरे जेवर रख लिया तथा वह पन्द्रह दिन बाद अपने भाई के साथ माइके वापस चली गयी थी। तीसरी बार जब वह मायके से ससुराल गयी तो उसके पति की आदतों में कोई सुधार नही आया तथा वह पूर्व की ही भांति उसके साथ बर्ताव करने लगा। पति द्वारा दी जा रही यातनाओं की जब उसने शिकायत सास और ससुर से की तो दोनो लोग उसकी पीड़ा न सुनकर उसके पति का ही पक्ष लेकर उसको ही अपमानित करने लगे। पीड़ित महिला ने बताया कि 9 अक्टूबर 2016 को उसके पति समेत सास और ससुर ने उसको प्रताड़ित करते हुए अपने मायके से एक लाख रूपये मंगवा कर देने के लिए कहा। ससुराली जनो द्वारा किये जा रहे उत्पीड़न से तंग आकर उसने अपने पति और सास तथा ससुर को जवाब देते हुए कहा कि उसके पिता ने उपरोक्त लोगो की हमेशा पैसे से मदद की है तथा 5 जनवरी 2016 को उसके पिता ने बतौर उधार बीस हजार रूपये दिये थे उसके बाद 8 मई 2016 को पांच हजार रूपये दिये थे व सात अगस्त को 2016 को दस हजार रूपये दिये थे। जिनको वापस नही दिया गया। यह बात उसके पति और सास तथा ससुर और ममिया ससुर मुस्तकीम को बहुत न नागवार गुजरी जिसके चलते उपरोक्त सभी लोगो ने उसको बुरी तरह से मारा पीटा तथा घर से निकाल दिया वह किसी तरह से एक जोड़ी कपड़े में ही अपने मायके पहुंच कर ससुराली जनो द्वारा किये गये उत्पीड़न को बताया। उसके मायके आने के बाद उसके पति जहूर और मामिया ससुर मुस्तकीम दूरभाष के माध्यम से अपशब्दो का प्रयोग करते हुए तलाक देने तथा अपनी दूसरी शादी जुबैद की पुत्री शहनाज से करने की धमकी देते थे। दरिन्दे पति ने दरिन्दगी की हद उस समय पार कर दी जब उसका पति 5 नवम्बर 2016 को लगभग पांच बजे शाम को उसके मायके में उसका पति जहूर आया तथा नास्ता पानी करने के बाद चला गया और पुनः रात करीब आठ बजे शराब के नशे में द्युत होकर आया और उसकी इच्छा के विरूद्ध जबरन दुष्कर्म किया तथा शौंच क्रिया के रास्ते अप्राकृतिक सम्भोग प्रक्रिया तथा विरोध करने पर बुरी तरह से मारा पीटा तथा धमकी दिया कि इस कार्य की यदि उसने अपने पिता से शिकायत की तो वह तलाक देकर दूसरी शादी कर लेगा। पति द्वारा की गयी दरिन्दगी की बात उसने कानपुर में उपचार करा रहे अपने पिता से की तथा जब उसके पिता ने उसके पति से इस सम्बन्ध में दूरभाष के माध्यम से बात करनी चाही तो उसके पति ने आपशब्दों का प्रयोग करने और 6 जनवरी 2017 को शहनाज नामक लड़की को भगा ले गया था। जिसमें पति जहूर के पिता शब्बीर का पूरा सहयोग प्राप्त था। भुक्त भोगी महिला ने बताया कि इस सम्बन्ध में 9 जनवरी 2017 को तत्कालीन पुलिस अधीक्षक से की थी किन्तु ससुराली जनो के खिलाफ कोई कार्यवाही नही की गयी पीड़ित महिला ने पुलिस अधीक्षक से न्याय की गुहार लगाते हुए पति समेत ससुराली जनो के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत किये जाने की मांग की है।  

No comments:

Post a Comment

Advertisement

Created By :- KT Vision

Uttar Pradesh News

National News